Hindi Murli Quiz 04-01-2015

10 | Total Attempts: 181

SettingsSettingsSettings
Please wait...
Hindi Murli Quiz 04-01-2015

ये क्विज आज की मुरली पर आधारित है| मुरली सुनने के लिए यहाँ क्लिक करें| पुरानी क्विज  के लिए यहाँ क्लिक करें |


Questions and Answers
  • 1. 
    "बापदादा को रहम आ रहा था कि बाप कितना श्रेष्ठ बनाते हैं और बच्चे अपनी ही थोडी सी --------------वा अलबेलेपन के कारण श्रेष्ठ स्थिति से नीचे आ जाते हैं ।"[ एक सही उत्तर चयन कर रिक्त स्थान भरें ]
    • A. 

      गफलत

    • B. 

      श्रद्धा

    • C. 

      ख़ुशी

    • D. 

      शान

  • 2. 
    बापदादा बच्चो के जो भिन्न-भिन्न प्रकार के हंसी के रूप देख रहे थे, उन सभी रूपों को चयन करें – 
    • A. 

      .कोई-कोई विश्व सेवा की जिम्मेदारी के ताज के बदले किए हुए पाप वा अवज्ञाओं की गठरी सिर पर लिए हुए थे ।

    • B. 

      कोई अपने ब्राह्मण जीवन के सदा ट्रस्टी स्वरूप के बजाय गहस्थीपन के बोझ की टोकरी भी सिर पर लिए हुए थे।

    • C. 

      कोई बुद्धि का कनेक्शन जुटा हुआ न होने से सहज को मुश्किल बनाने के कारण थके हुए रूप में दिखाई दे रहे थे ।

    • D. 

      कोई माया के बादलो के कारण ज्ञान सूर्य को पाने के लिए कभी सन्मुख कभी किनारे, इसी खेल मे लगे हुए है ।

    • E. 

      कोई बाप के याद की गोदी से निकल माया की धूल मे देह- अभिमान रूपी मिट्टी में खेल रहे थे ।

    • F. 

      कोई ज्ञान रलो से खेलने के बजाए मिट्टी में खेलते और नटखट संस्कारो के कारण बार-बार मैले बन जाते ।

    • G. 

      कोई बच्चे अल्पकाल के सुख देने वाली वस्तुओं की आकर्षण में आकर अविनाशी प्राप्ति को भूल जाते ।

  • 3. 
    63 जन्म माया के प्रभाव में आकर बच्चों ने बचपन के, अलबेलेपन के, व नटखट के खेल बहुत समय खेले I अब संगमयुग पर सबसे अच्छे ते अच्छा खेल है बाप और बच्चों के मेले का खेला । बाप से मिले हुए ज्ञान रत्नों से खेलना ना कि देह- अभिमान रूपी मिट्टी में I अब तो वानप्रस्थ में जाने का समय समीप आ रहा है इसलिए अब इन सब बातो की समाप्ति का दृढ़ सकल्प करो - सदा ताज, तख्त और तिलकधारी बनो ।  
    • A. 

      True

    • B. 

      False

  • 4. 
    कभी भी माया से सामना करने मे कमजोर नही बनें –इसके लिए बापदादा ने आज की मुरली में जो साधन बताएं हैं, उनका चयन करो ---- 
    • A. 

      .अपने श्रेष्ठ भाग्य, श्रेष्ठ प्राप्तियो को बार-बार सामने लाओ I

    • B. 

      सर्व प्राप्तियो को प्राप्त कराने वाले को सदा सामने रखो I

    • C. 

      सिर्फ एक बात याद रखो - सर्व सम्बन्धो से हर कार्य मे बापदादा सदा साथ है ।

    • D. 

      विश्व की जिम्मेवारी उठाने वाले बाप का साथ है,हमें अपने हद की जिम्मेवारी के बोझ की टोकरी नहीं उठाना है I

    • E. 

      कहना, सोचना और करना समान हो, सदा समर्थ हो ।

  • 5. 
    छोड़ो तो छूटे - यह एक सेकेण्ड की हिम्मत अनेक जन्मो के लिए अनेक प्रकार के बोझ से छुड़ा देगी । पहला-पहला वायदा बाप से किया है-- मेरा तो एक दूसरा न कोई । जब मेरापन ही समाप्त हो गया, तो फिर हद की जिम्मेवारियो का, देह का, कमजोरियो के सस्कारो का मेरापन हो नहीं सकता I  
    • A. 

      True

    • B. 

      False

  • 6. 
    बच्चों को यह --------------मिला है I इस -------------का भी रहस्य है कि पीछे आने वाले उल्हना न दे कि हमे बहुत थोड़ा समय मिला । ड़ामा अनुसार यह समय सेवा के प्रति अमानत रूप में मिला हुआ है I इसी अमानत को बापदादा की श्रेष्ठ मत प्रमाण यूज करो । हर समय और सकल्प में स्वयं को विश्व सेवा में इतना बिजी रखो जो यह सब व्यर्थ के खेल स्वत: समाप्त हो जाएं - यह रिजल्ट बापदादा देखने चाहते हैं । [एक सही उत्तर का चयन कर रिक्त स्थान भरें ]                                             
    • A. 

      एकस्ट्रा टाइम

    • B. 

      ज्ञान

    • C. 

      आशीर्वाद

    • D. 

      वरदान

  • 7. 
    जब बाप द्वारा नॉलेज द्वारा सितारा चमक गया तो अभी बुझ तो सकता नही लेकिन चमक की परसेटेज कम और ज्यादा हो सकती है और उसका कारण है अटेंशन की कमी । जैसे दीपक में अगर सदा घृत डालते रहें तो वह एकरस जलता रहेगा । घृत कम हुआ तो हलचल करेगा । ऐसे अटेंशन कम हो जाता है तो चमक भी कम हो जाती है इसलिए बापदादा की श्रेष्ठ मत है रोज अमृतवेले अपनी दिनचर्या को सेट करो । जहाँ अटेंशन होगा वहाँ किसी भी प्रकार का टेंशन नही हो सकता । 
    • A. 

      True

    • B. 

      False

Back to Top Back to top